ओशो गंगा/ Osho Ganga
शुक्रवार, 3 अप्रैल 2026

35-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-35 (सदमा - उपन्यास) ने हा लता के आने से जैसे समय के तो पंख ही लग गए थे। नानी के ही नहीं मानो पूरी प्रकृति भी ये से सब होता देख कर अ...

23-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 23 11 अक्टूबर 1976 अपराह्न, चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में दे व का अर्थ है द...
गुरुवार, 2 अप्रैल 2026

34-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-34 (सदमा - उपन्यास) सो नी ने घर जाकर पहला काम यह किया की। उसने पहले बम्बई (मुम्बई) के नम्बर पर जो नेहालता के माता-पिता का वह लिख कर...

22-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 22 10 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में [एक आगंतुक संन्यास ले...
बुधवार, 1 अप्रैल 2026

33-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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अध्याय-33 (सदमा - उपन्यास) का र से उतर कर सोनी ने नानी का हाथ पकड़ कर उसे प्यार से नीचे...

21-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 21 0 9 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में दे व का अर्थ है दिव्...
मंगलवार, 31 मार्च 2026

32-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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अध्याय-32 (सदमा - उपन्यास) उ न दोनों को इसी तरह से छोड़ कर नेहालता को अचानक कुछ याद आया...

20-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 20 0 8 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में दे व का अर्थ है दिव्...
रविवार, 29 मार्च 2026

31-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-31 (सदमा - उपन्यास) सु बह नेहालता काफी देर तक सोती रही। क्योंकि वह एक लम्बा सफर तय कर के आई थी। नानी ने भी उसे नहीं उठाया था। परंतु...

19-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 19 0 7 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में आनंद का मतलब है परमा...
शुक्रवार, 27 मार्च 2026

30-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-30 (सदमा - उपन्यास) ना नी का तीन चार कमरों का मकान था। कुछ पुराना जरूर था परंतु बना बहुत सुंदर था। नेहालता ने एक बार नानी की और देख...

18-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 18 0 6 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में आंतरिक विकास ऐसी चीज़ ...
बुधवार, 25 मार्च 2026

17-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 17 0 5 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में देव का अर्थ है दिव्य...

29-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-29 (सदमा - उपन्यास) ज हाज अपने निर्धारित समय से मद्रास (चेन्नई) पहुंच गया था। ...
सोमवार, 23 मार्च 2026

16-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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  महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 16 0 4 अक्टूबर 1976 सायं चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में [एक संन्यासी कहता ...

28-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-28 (सदमा - उपन्यास) उ धर ये खबर सून कर सोनी बहुत खुश हुई की नेहालता आ रही है। ...
शनिवार, 21 मार्च 2026

27-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय- 27 (सदमा - उपन्यास) सु बह जल्दी उठ कर चाय पीने के बाद ही नेहालता ने कुछ कपड़े जो अपने साथ ले जाने थे। उन्हें अलमारी से निकल कर पलं...

15-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 15 3 अक्टूबर 1976 अपराह्न, चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में [एक संन्यासिन ने क...
शुक्रवार, 20 मार्च 2026

26-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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अध्याय- 26 (सदमा - उपन्यास)   रा त खाने के बाद जब सब आँगन में बैठ कर बात करने के लिए आये तो सब के हाथ में काफी के मग थे। श्रीमति मल्होत्रा ज...

14-महान शून्य- (THE GREAT NOTHING—का हिंदी अनुवाद)

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महान शून्य -( THE GREAT NOTHING— का हिंदी अनुवाद) ओशो अध्याय - 14 0 2 अक्टूबर 1976 अपराह्न, चुआंग त्ज़ु ऑडिटोरियम में देव का अर्थ है द...
गुरुवार, 19 मार्च 2026

25-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय- 25 (सदमा - उपन्यास) घ र पहुंचते-पहुंचते नेहालता को रात हो गई। माता पिता दोनों ही उस की फिक्र कर रहे थे। और दोनो बड़ी बेसब्री से ने...
बुधवार, 18 मार्च 2026

24-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय- 24 (सदमा - उपन्यास) पें टल—ने कहना शुरू किया की जो मैं कह रहा हूं उस के लिए अग...
शनिवार, 14 मार्च 2026

23-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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अध्याय- 23 (सदमा - उपन्यास) अ गले दिन नेहालता ने पेंटल को दफ्तर में फोन किया। पेंटल खुद...
सोमवार, 2 फ़रवरी 2026

22-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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अध्याय-22 (सदमा - उपन्यास) नेहालता ने घर पहुंच कर अपने माता-पिता से पेंटल का परिचय कराया की ये हमारे ही कालेज में हमारे साथ पढ़ते थे। पर...
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सोमवार, 26 जनवरी 2026

21-सदमा - (उपन्यास) - मनसा - मोहनी दसघरा

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  अध्याय-21 (सदमा - उपन्यास)   अगले हफ्ते किसी काम के कारण वह नेहालता को ढूंढने के लिए जा नहीं सका। रोज-रोज समय गुजर रहा था , यह वह जानता ...
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ध्यान है, आप उस में कुद गये तो एक नदी की तरह आप रूक नहीं सकते। जन्मों की साधना का फल ह

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oshoganga-ओशो गंगा
जीवन अपने में एक रहस्य छुपए चल रहा हे, हम एक मुसाफिर मात्र है, क्या और किस लिए मन में एक ज्ञिज्ञाषा लिए चल रहे है इस सफर पर परंतु ओशो के प्रकाश के कारण एक किरण ने मार्ग पर कुछ प्रकाश बिखेरा है...भाग्य हमारा की ओशो ने अपने मार्ग पर चलने के लिए हमें चूना....वरना हम तो आंखों के बिना भी बस अंधेरे में टटोलते ही रह जातेेेेेेेे.... ओशो प्यारे दिल में समा रे नयनों में बस जा रे। मनसा-मोहनी दसघरा
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जीवन अपने में एक रहस्य छुपए चल रहा हे, हम एक मुसाफिर मात्र है, क्या और किस लिए मन में एक ज्ञिज्ञाषा लिए चल रहे है इस सफर पर परंतु ओशो के प्रकाश के कारण एक किरण ने मार्ग पर कुछ प्रकाश बिखेरा है...भाग्य हमारा की ओशो ने अपने मार्ग पर चलने के लिए हमें चूना....वरना हम तो आंखों के बिना भी बस अंधेरे में टटोलते ही रह जातेेेेेेेे.... ओशो प्यारे दिल में समा रे नयनों में बस जा रे। मनसा-मोहनी दसघरा
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